मध्यप्रदेश

मध्यप्रदेश में इस जगह से अवैध लकड़ी का परिवहन करते दो ट्रक जब्त: फर्जी टीपी के माध्यम से करते थे अवैध कारोबार

न्यूज़ डेस्क :

रीवा में वन विभाग की टीम की बड़ी कार्यवाही देखने को मिली है जहां वन विभाग की टीम ने फर्जी टीपी से अवैध लकड़ी का परिवहन करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया गया है। रीवा वन विभाग अमले ने लकड़ियों से भरे 2 ट्रकों को जब्त कर शहडोल वन विभाग की मदद से मुख्य आरोपियों को पकड़कर न्यायालय में प्रस्तुत किया है। वन विभाग डीएफओ अनुपम शर्मा ने बताया कि आज से तीन दिन पहले 16 जनवरी को शाम को दो ट्रक चाक घाट बैरियल से होकर गुजर रहे थे। चाकघाट जो कि उत्तरप्रदेश-मध्यप्रदेश की सीमा में स्थित है। जहां दोनों ट्रकों को रोककर उनसे आवश्यक दस्तावेज की मांग की गई। जिसके बाद दिखाए गए दस्तावेजों को देखकर फॉरेस्ट अधिकारी आनंद चतुर्वेदी को संदेह हुआ और उन्होंने क्षेत्र अधिकारी राजकुमार यादव को भी तुरंत इसकी जानकारी दी। क्षेत्र अधिकारी ने तुरंत ही इसकी जानकारी एसडीओ और मुझे दी।

टीपी के बारे में जब ओबरा डिवीज़न सोनभद्र से जानकारी ली गई तो पता चला की टीपी और उसमें किए हुए हस्ताक्षर दोनों नकली हैं। डिवीज़न सोनभद्र की ओर से ये भी पता चला की इस तरह की टीपी वहां से जारी नहीं की जाती हैं और ना ही संबंधित अधिकारियों के हस्ताक्षर मेल खाते हैं। जिसके बाद वन विभाग की टीम के द्वारा दोनों ट्रक के ड्राइवर और सहायक को गिरफ़्तार कर लिया गया। जहां पूछताछ में पता चला कि फ़र्जी टीपी के खेल में जो मुख्य मास्टर माइंड है उसका नाम निसार अली उर्फ़ हाजी है। जो शहडोल में रहकर लकड़ी का अवैध परिवहन करवाते हैं। जिसके बाद हमने परिक्षेत्र अधिकारी गौरव सक्सेना के नेतृत्व में तुरंत टीम रवाना की। जहां शहडोल वन विभाग से मदद लेते हुए टीम ने हाजी को धर दबोचा और जिसे पूछताछ के लिए रीवा लाया गया। जहां पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।

News Update 24x7

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!