कल दिल्ली में AICC की बैठक, मध्यप्रदेश में नए मुखिया पर रायशुमारी: कमलनाथ छोड़ सकते हैं प्रदेश अध्यक्ष पद

भोपाल डेस्क :
मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की हार के बाद कमलनाथ प्रदेश अध्यक्ष के पद से इस्तीफे की पेशकश कर सकते हैं। ऐसा हुआ तो कांग्रेस को 6 साल बाद नया प्रदेश अध्यक्ष मिलेगा। कमलनाथ 2017 से इस पद पर हैं। हालांकि, इस मुद्दे पर अंतिम फैसला पार्टी आलाकमान ही लेगा।
शुक्रवार को मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में हार के कारणों और लोकसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा के लिए बैठक बुलाई गई है। शाम 4:30 बजे अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) मुख्यालय में होने वाली इस बैठक में तीनों राज्यों के पीसीसी चीफ, पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष मौजूद रहेंगे। सूत्रों के मुताबिक, इसमें तीनों राज्यों के लिए नए प्रदेश अध्यक्षों और नेता प्रतिपक्षों के नामों को लेकर भी चर्चा होगी।
इससे पहले कमलनाथ ने बुधवार को दिल्ली में राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से मुलाकात की। इस दौरान राहुल गांधी और केसी वेणुगोपाल भी मौजूद थे। बता दें कि PCC चीफ ने विधानसभा चुनाव लड़े सभी पार्टी प्रत्याशियों से चुनाव की पूरी समीक्षा कर वैज्ञानिक ढंग से विश्लेषण करने को कहा है कि वे क्यों हारे और क्यों जीते? सभी प्रत्याशियों से 15 दिसंबर तक अलग-अलग रिपोर्ट भेजने को कहा है। इस रिपोर्ट को AICC को सौंपा जाएगा।
विधायक बरैया राजभवन के सामने मुंह काला करेंगे!

ग्वालियर में ग्रामीण किसान कांग्रेस के जिला महामंत्री योगेश दंडोतिया ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अपने मुंह पर कालिख पोत ली। उन्होंने कहा, ‘मैं फूल सिंह बरैया को मुंह काला नहीं करने देना चाहता हूं, इसीलिए मैंने ऐसा किया है। कल भोपाल जाकर बरैया का समर्थन करूंगा।’
दरअसल, दतिया जिले की भांडेर सीट से विधायक चुने गए बरैया ने मंगलवार को कहा था कि चुनाव में हेरफेर की गई है। इसके विरोध में वे 7 दिसंबर को भोपाल में राजभवन के सामने अपना मुंह काला करेंगे। विधानसभा चुनाव से पहले भी बरैया ने कहा था कि अगर भाजपा को 50 सीटें भी मिल गईं तो वे राजभवन के सामने अपना मुंह काला करेंगे।



