विदिशा में छात्र/छात्राओं को सुरक्षा के प्रति किया जागरूक: राष्ट्रीय बाल आयोग के अध्यक्ष हुए शामिल

विदिशा डेस्क :
विदिशा में बच्चो की सुरक्षा और उनके संरक्षण के साथ ही साइबर सुरक्षा को लेकर राष्ट्रीय बाल आयोग ने एक कार्यशाला आयोजित की । जिसमे बच्चों की सुरक्षा के साथ-साथ साइबर उपयोग और सोशल मीडिया के उपयोग के दौरान बच्चों को सावधानी रखने की जागरूक करनें पर जोर दिया गया । राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग समय-समय प्रदेश के अलग-अलग स्थान पर बच्चो की सुरक्षा और संरक्षण के लिए कार्यशालाओं का आयोजन करता है इसी को लेकर विदिशा के रविंद्र नाथ टैगोर ऑडिटोरियम में एक कार्यशाला आयोजित की गई।

कार्यशाला में बताया गया कि बच्चो को किस प्रकार से साइबर अटैक से बचाया जा सकता है साथ ही साथ उनके सोशल मीडिया के उपयोग के दौरान शिक्षकों और पलको को किस प्रकार की सावधानी बरतनी चाहिए। राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग अध्यक्ष प्रियंक कानूनगो ने स्कूल में साइबर सुरक्षा के साथ बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण पर मैनुअल संवेदनशीलता विषय पर आधारित कार्यशाला को संबोधित किया , कलेक्टर उमाशंकर भार्गव ने कहा कि शिक्षक देश के भविष्य के संरक्षक है उन्हें अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन अच्छे प्रकार से करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के सर्वागीण विकास में शिक्षकों की महती भूमिका है। आधुनिक वैज्ञानिक युग में खासकर इन्टरनेट की इस दुनिया में बच्चे किसी भी प्रकार की ठगी के शिकार ना हो इसी उद्धेश्य से यह कार्यशाला आयोजित की गई है , शिक्षकों को जो जानकारियां दी गई है वह स्कूली बच्चो को जागरूक करे , पुलिस अधीक्षक दीपक शुक्ला ने बच्चों को सायबर क्राइम से सुरक्षा संबंधी जागरूकता जरूरी है , शिक्षकों से कहा कि किसी भी बच्चे के साथ हुए अपराधिक मामलो को सामने लाना जरूरी है, ताकि उनको न्याय मिल सके। इस कार्यशाला में राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष प्रियंका कानूनगो, विदिशा कलेक्टर उमाशंकर भार्गव, एसपी दीपक शुक्ला, जिला शिक्षा अधिकारी जीपी राठी के अलावा विभिन्न स्कूलों के शिक्षक शिक्षिकाएं मौजूद थे।



