मध्यप्रदेश में कांग्रेस की ‘नारी सम्मान’ योजना पर बोले सीएम शिवराज, अक्ल के अंधों, इतने दिन कहां थे…
न्यूज़ डेस्क :
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस की ‘नारी सम्मान योजना’ को लेकर कहा कि मामा की योजना से परेशान होकर कांग्रेसी झूठे फार्म भरवा रहे हैं। नकली योजना बनाने की कोशिश कर रहे हैं। सीएम शिवराज सिंह मंदसौर के सीतामऊ में मुख्यमंत्री लाडली बहना सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। जहां उन्होंने 2374 करोड़ रुपए की कयामपुर-सीतामऊ दाबयुक्त वृहद सिंचाई परियोजना का शुभारंभ किया। साथ ही करोड़ों के विकास कार्यों का शिलान्यास और लोकार्पण किया।
इधर, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की जनसभा के लिए सीतामऊ जा रही एक बस पलट गई। हादसे में दो महिलाएं घायल हो गई। जिसे लेकर कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सरकारी कार्यक्रमों में लोगों को जबरदस्ती ले जाना और फिर उनकी सुरक्षा का कोई इंतजाम ना करना आपराधिक लापरवाही की तरह है।
अच्छी योजना से परेशान होकर कुछ लोग नकली योजना बना रहे
सभा को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा- ‘बहनों की जिंदगी बदलने के लिए मैंने मुख्यमंत्री लाडली बहना योजना बनाई। बताओ अच्छी योजना है कि नहीं। अब अच्छी योजना से परेशान होकर कुछ लोग नकली योजना बनाने की कोशिश कर रहे हैं। ये वे लोग हैं, जिन्होंने कपट किया। झूठ बोला। कर्जमाफी का कहकर कर्ज माफ नहीं किया। बहनों के समूह का कर्ज माफ कर देंगे, वह भी नहीं किया। बेरोजगारों को भत्ता देंगे, वह भी नहीं दिया।
अब मामा की योजना से परेशान हो गए तो झूठे फार्म भरवा रहे हैं कांग्रेसी। अरे अकल के अंधों , इतने दिन कहां गए थे रे तुम, 50-60 साल राज किया तुमने। ये वही लोग हैं, ठगनाथ, जिनने जब मैं बैगा, भारिया, सेहरिया बहनों को देता था हर महीना तो वह भी बंद कर दिया था। संबल के रुपए भी बंद कर दिए थे। ये ठगनाथ वो हैं, जिन्होंने बेटियों की शादी तो हो गई खाते में पैसा ही नहीं डाले। बेटियों को भी ठग लिया। मेरी बहनों भाजपा की सरकार तुम्हारे साथ है।’
लाडली बहना योजना के लिए लाडली सेना तैयार होगी
सीतामऊ में सीएम शिवराज ने कहा कि अब हर गांव में लाडली बहना सेना बनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि हर गांव से 10 से 12 बहनों की टीम बनाई जाएगी जो लाडली योजना समेत सरकार की अन्य योजनाओं में महिलाओं की मदद करेगी। उन्होंने कहा कि भूमिहीन लोगों को पीएम आवास उपलब्ध कराने के लिए सरकारी जमीन पट्टे पर दे रहे हैं। इस भूमि पर हितग्राही पीएम आवास बना रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोई भी बिना छत के नहीं रहेगा। सरकारी जमीन नहीं भी मिली तो सरकार निजी जमीन खरीदकर मकान बनवाएगी।
सीएम जवानपुरा, सीतामऊ और मेलखेड़ा के आयोजन में हुए शामिल
गुरुवार को सीएम शिवराज जवानपुरा, सीतामऊ व मेलखेड़ा के आयाेजन में शामिल हुए। वे सबसे पहले जवानपुरा पहुंचे और यहां 2374 करोड़ रुपए की सिंचाई परियोजना का शुभारंभ किया। इसे चंबल नदी गांधीसागर जलाशय पर बनाया जा रहा है। यह परियोजना जिला मुख्यालय से 70 किलोमीटर दूर सीतामऊ तहसील के ग्राम जवानपुरा में निर्माणाधीन है। इससे जिले के 252 ग्रामों की 1 लाख 12 हजार हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी। इससे आसपास के 1 लाख 49 हजार 300 लाेग लाभान्वित होंगे। इसके बाद वे सीतामऊ पहुंचे और मुख्यमंत्री लाड़ली बहना सम्मेलन में शामिल हुए। यहां उन्होंने परियोजना से लाभान्वित होने वाले 252 गांव से आए कलश की पूजा की। इसके बाद वे मेलखेड़ा पहुंचे।
बंजारा समाज के आराध्यदेव की मूर्ति का अनावरण किया
सीएम शिवराज ने मेलखेड़ा में बंजारा समाज के आराध्य देव रूपसिंह महाराज की मूर्ति का अनावरण किया। रूपसिंह महाराज की मूर्ति भारत की पहली मूर्ति है, जिसकी स्थापना मेलखेड़ा में हुई। यह स्थान मेलखेड़ा के साठखेड़ा रोड पर स्थित शनि मंदिर के पास स्थित है, जहां पर मूर्ति का अनावरण हुआ। इस मूर्ति को जयपुर में तैयार किया है। 8 फीट की ये मूर्ति अष्टधातु से निर्मित है। अनावरण के पश्चात मुख्यमंत्री ने स्कूल परिसर में आम जनता को संबोधित किया।
बस पलटी, दो महिलाएं घायल

मंदसौर में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की जनसभा के लिए सीतामऊ जा रही बस पलट गई। यह हादसा बिल्लोद गांव के पास हुआ है। हादसे में दो महिलाएं घायल हो गई हैं। बस मल्हारगढ़ के चिलोद पिपलिया से सीतामऊ जा रही थी।

कमलनाथ बोले-बिना सुरक्षा लोगों को ले जाना आपराधिक लापरवाही
सीएम की सभा में जा रही बस के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने पर कमलनाथ ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सरकारी कार्यक्रमों में लोगों को जबरदस्ती ले जाना और फिर उनकी सुरक्षा का कोई इंतजाम ना करना आपराधिक लापरवाही की तरह है। इससे पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी है। राजनीतिक फायदे के लिए बिना किसी सुरक्षा के मध्य प्रदेश की जनता और माताओं-बहनों को कार्यक्रम में लाना, न सिर्फ सत्ता का दुरुपयोग है बल्कि अत्यंत अमानवीय कृत्य है। सत्ता के दुरुपयोग की इस परंपरा को तत्काल बंद किया जाए।



